अशोकनगर,रसोई गैस के लिए उपभोक्ताओं की परेशानीयां दिनों दिन बढ़ती जा रही हैं। डीसी गैस ऐजेंसी पर विगत करीब एक माह से अधिक से उपभोक्ता गैस की किल्लत से जूझ रहे हैं। लेकन इन उपभोक्ताओं की गुहार न तो खाद्य विभाग अधिकारी सुन रहे हैं और न ही जिला प्रशासन। उपभोक्ता बाइक एवं अन्य साधनों से टंकियां लेकर आते हैं, लेकिन उन्हें एजेंसी के कार्यालय पर जवाब मिलता है, अभी टंकी नहीं है। मंगलवार को भी सैकड़ों उपभोक्ता गैस ऐजेंसी पर पहुंचे इनमें अनेक महिलाएं भी शामिल थीं, लेकिन उन्हें सिलेण्डर नहीं मिले।
गैस सिलेंडर नहीं मिलने से परेशान हुए उपभोक्ताओं ने मंगलवार सुबह गुना रोड स्थित डीसी गैस गोदाम के बाहर सड़क पर उतरते हुए जाम लगा दिया। गैस एजेंसी के बाहर ही सिलेंडर मिलने का इंतजार कर रहे इन उपभोक्ताओं को सप्लाई गाड़ी आने के बाद भी सिलेण्डर नहीं मिलने के कारण गोदाम के सामने मुख्य मार्ग पर सिलेण्डर एवं दुपहिया वाहन रखकर बैठ गए और यातायात व्यवस्था को बाधित करते हुए अपना विरोध जताया। मुख्य मार्ग के बाधित होने के कारण कुछ ही मिनटों में दोनों ओर वाहनों की कतार कर लग गई। नाराज उपभोक्ता संतोष नामदेव कृष्णपाल यादव, राजीव जाटव, मोहन सिंह आदि का कहना था कि जैसे ही गाड़ी आई तो सबसे पहले रिफलिंग दुकान संचालकों टंकिया दे दी गई। कुछ टंकिया बची तो उपभोक्ताओं को गोदाम के बाहर कर गेट पर ताला लगा लिया। हम बाहर खड़े इंतजार करते रहे लेकिन टंकिया नहीं दी। नाराज उपभोक्ताओं ने रोड़ पर टंकी रखकर खड़े हो गए। जिसकी सूचना कोतवाली पुलिस को मिली तो कुछ ही मिनटों में सब इंसपेक्टर नीतू अहिरवार पुलिस दल-बल के साथ वहां पहुंची और उन्होंने रोड़ पर रखीं उपभोक्ताओं की खाली टंकी एवं वाहनों को जप्त कर कोतवाली थाने ले आए। जिसके बाद उपभोक्ता कोतवाली पहुंचे और अपने सिलेण्डर एवं मोटरसाइकिलों को वापिस लेने के लिए गुहार लगाते रहे। लेकिन काफी देर तक उनकी टंकियां और वाहन वापिस नहीं की गई थीं।
कलेक्टर से भी कर चुके हैं:
उपभोक्ताओं का कहना था कि वह 20-25 दिन से गैस की टंकी लेने के लिए चक्कर काट रहे हैं लेकिन ऐजेंसी संचालक द्वारा उनको गैस सिलेण्डर उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। इसकी शिकायत खाद्य विभाग एवं सीएम हेल्पलाइन पर भी कर चुके हैं। लेकिन वहां से भी कोई हल नहीं निकला। उन्हेंने बताया कि सोमवार को कलेक्टेट पहुंचकर कलेक्टर बीएस जामोद से भी सिलेण्डर न मिलने की शिकायत की गई थी। उनके द्वारा भी मंगलवार तक सिलेण्डर दिलाने का आश्वासन दिया गया था। इसके बाद भी सिलेण्डर नहीं मिले।
पन्द्रह हजार सिलेण्डरों की है बेटिंग:
प्राप्त जानकारी अनुसार अभी पूरे जिले में 15 हजार सिलेण्डरों की बेटिंग चल रही है। इनमें बाबा गैस ऐजेंसी पर 4 हजार एवं डीसी गैस ऐजेंसी पर 6 हजार सिलेण्डर बताए जा रहे हैं। इसके अलावा मुंगावली, ईसागढ़, सहित अन्य स्थानों पर भी हजार-पांच सौ सिलेण्डरों की बेटिंग चल रही है। सबसे अधिक किल्लत डीसी गैस ऐजेंसी पर चल रही है।
होटलों एवं रिफलिंग दुकानों पर उपयोग हो रही घरेलू गैस:
नगर के आधा दर्जन स्थानों पर घरेलू गैस की अवैध रिफलिंग कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है। यह काम शासन के सारे नियमों को ताक कर खुलेआम किया जा रहा है। हालत यह है कि नगर में गैस सिलेंडर की किल्लत बनी हुई है। लोगों को गैस सिलेंडर मिले न मिले लेकिन इन कालाबाजारियों को सिलेंडर जरूर मिल जाता है। ग्राहकों को नंबर लगाने के 20 से 25 दिन के बाद भी सिलेंडर नहीं मिल रहा है। वहीं चाटे के ठेलों, चायनिज, चाय की दुकानों, होटलों में बड़ी संख्या में घरेलू सिलेंडरों का इस्तेमाल हो रहा है। कई होटल चालक एजेंसियों से ब्लैक में सिलेंडर खरीद लेते हैं। गैस एजेंसी के कर्मचारी ऊपर की कमाई करने के लिए गैस सिलेंडरों को ब्लैक में होटल चालकों को बेच रहे हैं। इस कारण आम आदमी को सिलेंडर के लिए चक्कर काटने पड़ रहे हैं।
इनका कहना:
बीच में मशीन खराब होने के कारण परेशानी आई थी। आज ही साढ़े चार सौं के दो लोड डीसी पर भेजे गए हैं और और एक लोड जय बाबा ऐजेंसी पर भेजी है। इस प्रकार पूरे जिले में 18 लोड भेजे गए हैं।
प्लांट मेनेजर
हम हमारी तरफ से पूरी कोसिस कर रहे हैं। प्लांट से माल नहीं भेजा रहा है। माल भेजने का काम प्लांट मेनेजर का है मेरा नहीं।
फील्ड ऑफिसर
गैस की किल्लत से उपभेक्ता परेशान, सड़क पर सिलेण्डर रखकर लगाया जाम