अहमदाबाद,अपने गृह प्रदेश गुजरात पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि बड़ा जनादेश बड़ी जिम्मेदारियां लाता है। उन्होंने कहा इतनी बड़ी जीत के मद्देनजर विनम्र बने रहना महत्वपूर्ण है, हमें इन पांच वर्षों का उपयोग आम नागरिकों के मुद्दों को हल करने के लिए करना है, ये 5 साल सर्वांगीण विकास के लिए होंगे।
प्रधानमंत्री ने भाजपा समर्थकों से कहा कि हमें विश्व स्तर पर भारत को और आगे बढ़ाना होगा, आने वाले 5 साल जन-भागीदारी और जनचेतना के लिए होंगे। उन्होंने कहा ‘ये चुनाव ना मैंने लड़ा, ना बीजेपी, देश ने लड़ा, 2019 का चुनाव पूरे देश ने लड़ा, चुनाव प्रचार के पहले तीन दिनों के भीतर ही मुझे विश्वास हो गया था कि बीजेपी या एनडीए चुनाव नहीं चल रही, देश की जनता चुनाव लड़ रही है।’
उन्होंने कहा कि छठे चरण के मतदान के बाद मैंने खुद ही कहा था कि हमें 300 से ज्यादा सीटें मिल रही हैं, जब मैंने कहा तो लोगों ने मेरा मजाक उड़ाया लेकिन नतीजे सभी के सामने हैं। उन्होंने कहा कि इतना बड़ा जनादेश दिया जाना ऐतिहासिक है, लोगों ने तय किया था कि वे फिर से एक मजबूत सरकार चाहते हैं।
मोदी ने अहमदाबाद के पार्टी दफ्तर के बहार कहा ‘मेरी पूरी जिंदगी इसी दफ्तर में गुजरी, 2014 में आपने ने मुझे विदाई दी थी, 2014 में जब यहां से गया तो आंखें नम थी, कर्तव्य की मांग थी जो जाना पड़ा। मैं आप लोगों का दर्शन करने आया हूं, आपका आशीर्वाद मेरी शक्ति है।’
सूरत हादसे पर उन्होंने कहा ‘मैं कल से दुविधा में था कि मुझे इस कार्यक्रम में शामिल होना चाहिए या नहीं। एक तरफ, कर्तव्य था और दूसरी तरफ, करुणा की भावना थी। सूरत में कई परिवारों की आशाएं चकनाचूर हो गईं. सूरत में कई घरों के दीप बुझ गए जितना भी दुख जाहिर करूं कम है, परमात्मा पीड़ित परिवारों को हिम्मत दे.’
इससे पूर्व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने कहा कि भाजपा अध्यक्ष होने के नेता मैं गुजरात की जनता का बहुत-बहुत धन्यवाद करता हूं, आप सभी को गुजरात की सभी 26 सीटों पर जिताने के लिए शुक्रिया। उन्होंने कहा कि नरेंद्रभाई के नेतृत्व में गुजरात के प्रत्येक गांव तक बीजेपी की पहुंच हुई है।
इससे पहले दूसरी बार सत्ता पाने के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पहली बार अपने घर गुजरात पहुंचे। सूरत हादसे के बाद स्वागत समारोह सादगी के साथ हुआ। पीएम मोदी और बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह को बधाई देने के लिए फूलों के गुलदस्ते या माला का इस्तेमाल नहीं किया गया। यहां मुख्यमंत्री विजय रुपाणी, बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह और पूरी गुजरात कैबिनेट ने मोदी का स्वागत किया। पीएम मोदी खानपुर में बीजेपी के उस दफ्तर में पहुंचे जहां से उनकी यादें जुड़ी हैं। मोदी ने कभी यहीं से अपनी सियासत की शुरूआत की थी, वो संघ से बीजेपी में आए थे। मोदी गांधीनगर स्थित राजभवन में रात गुजारेंगे। वह दिल्ली रवाना होने से पहले गांधीनगर के रैसाना स्थित अपने छोटे भाई के आवास पर जाकर अपनी मां हीराबेन से आशीर्वाद लेंगे।
मोदी ने पैर छूकर लिया मां का आशीर्वाद
अहमदाबाद/गांधीनगर, लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को पूर्ण बहुमत मिलने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी मां के घर पहुंचे और उनके पैर छूकर आशीर्वाद लिया। बता दें कि 2014 में चुनाव जीतने के बाद भी नरेंद्र मोदी ने शपथ से पहले गुजरात जाकर मां का आशीर्वाद लिया था। इसके अलावा वह अपने पांच साल के कार्यकाल में कई बार गुजरात गए और कई बार मां से भी मुलाकात की। लोकसभा चुनाव के दौरान भी वह अपनी मां का आशीर्वाद लेने पहुंचे थे। लगातार दूसरी बार केंद्र की सत्ता में आए नरेंद्र मोदी 30 मई को शाम 7 बजे प्रधानमंत्री पद की शपथ लेंगे।
इससे पहले नरेंद्र मोदी अहमदाबाद एयरपोर्ट पर उतरे। यहां उन्होंने सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा पर फूल चढ़ाए। एयरपोर्ट पर मोदी का स्वागत करने के लिए गुजरात के सीएम विजय रुपाणी पहुंचे। मोदी के साथ इस दौरे पर बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह भी मौजूद रहे। अमित शाह इस बार गुजरात की गांधीनगर लोकसभा सीट से सांसद चुने गए हैं। एयरपोर्ट से निकलकर बीजेपी ऑफिस पहुंचे नरेंद्र मोदी ने एक जनसभा को भी संबोधित किया।