नई दिल्ली,लोकसभा के पूर्व अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी का निधन हो गया है। दिल का हल्का दौरा पड़ने के बाद उनकी स्थिति और बिगड़ गई थी। जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सोमनाथ चटर्जी की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था। हालांकि उनकी हालत स्थिर बताई जा रही थी। 89 साल के सोमनाथ चटर्जी का डायलिसिस हो रहा था तभी उन्हें माइल्ड हार्ट अटैक हुआ। उसके बाद उन्हें आईसीसीयू में भर्ती कराया था। पिछले महीने पूर्व लोकसभा अध्यक्ष को मस्तिष्काघात हुआ था। अधिकारी ने कहा, पिछले 40 दिनों से चटर्जी का उपचार चल रहा है। स्वास्थ्य में सुधार के संकेत मिलने के बाद उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिली थी लेकिन केवल तीन दिन बाद मंगलवार को हालत बिगड़ने के बाद उन्हें फिर से अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। दस बार लोकसभा के सदस्य रहे चटर्जी माकपा की केंद्रीय समिति के सदस्य रहे। वह 2004 से 2009 के बीच लोकसभा के अध्यक्ष रहे थे।
पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी मशहूर वकील निर्मल चंद्र चटर्जी के बेटे हैं। निर्मल चंद्र अखिल भारतीय हिंदू महासभा के संस्थापक भी थे। सोमनाथ चटर्जी ने सीपीएम के साथ राजनीतिक करियर की शुरुआत 1968 में की और 2008 तक इस पार्टी से जुड़े रहे। 1971 में वह पहली बार सांसद चुने गए और इसके बाद राजनीति में कभी पीछे मुड़कर नहीं देखे। चटर्जी 10 बार लोकसभा सदस्य के रूप में चुने गए। वर्ष 2008 में भारत-अमेरिका परमाणु समझौता विधेयक के विरोध में सीपीएम ने तत्कालीन मनमोहन सरकार से समर्थन वापस ले लिया था। तब सोमनाथ चटर्जी लोकसभा अध्यक्ष थे। पार्टी ने उन्हें स्पीकर पद छोड़ देने के लिए कहा लेकिन वह नहीं माने। इसके बाद सीपीएम ने उन्हें पार्टी से निकाल दिया। राजनीतिक करियर में एक के बाद एक जीत हासिल करनेवाले सोमनाथ चटर्जी जीवन का एक चुनाव पश्चिम बंगाल की वर्तमान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से हार गए थे। 1984 में जादवपुर सीट पर हुए लोकसभा चुनाव में ममता बनर्जी ने तब सीपीएम के इस कद्दावर नेता को हराया था।
राष्ट्रपति, पीएम और राहुल ने जताया शोक-
सोमनाथ चटर्जी के निधन पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ‘ श्री सोमनाथ चटर्जी के निधन की खबर सुनकर दुखी हूं। लोकसभा के पूर्व स्पीकर और वरिष्ठ सांसद रहे सोमनाथ चटर्जी की सदन में प्रभावशाली मौजूदगी रही। उनका निधन बंगाल और भारत के लोगों के लिए हानि है। उनके परिजनों और समर्थकों के साथ मेरी संवेदनाएं हैं।’
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ट्वीट कर दुख जताया। उन्होंने कहा कि ‘पूर्व सांसद और स्पीकर श्री सोमनाथ चटर्जी भारतीय राजनीति के सितारे थे। उन्होंने हमारे संसदीय लोकतंत्र को और मजबूत किया। वह गरीबों और वंचितों की मजबूत आवाज रहे। उनके निधन से दुखी हूं।’ कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी सोमनाथ चटर्जी के निधन पर दुख जताते हुए कहा कि ‘वे खुद में एक संस्था थे। राहुल ने ट्वीट किया है, ’10 बार सांसद और पूर्व लोकसभा स्पीकर रहे श्री सोमनाथ चटर्जी के निधन से मैं दुखी हूं। वह एक संस्था थे। सभी सांसदों ने उनका सम्मान किया। दुख की इस घड़ी में परिवार के साथ मेरी संवेदनाएं हैं।’
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर शोक जताया। उन्होंने लिखा है कि यह बहुत ही दुखद खबर है। देश उन्हें हमेशा याद रखेगा। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लिखा है कि सोमनाथ दा के निधन से दुखी हूं। यह हम सभी के लिए बड़ी हानि है। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कहा कि सोमनाथ चटर्जी शानदार सांसद थे। उनके परिजनों और समर्थकों को मेरी ओर से संवेदनाएं। बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने लोकसभा के पूर्व स्पीकर सोमनाथ चटर्जी के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। सीएम ने कहा कि वे 10 बार लोकसभा के सांसद रहे। सोमनाथ चटर्जी उच्च राजनीतिक मूल्यों और आदर्शों के लिये जाने जाते थे। अपने उत्कृष्ट राजनीतिक मूल्यों के कारण वो आम सहमति से लोकसभा के अध्यक्ष बने। अध्यक्षीय कार्यकाल में सोमनाथ चटर्जी ने लोकसभा से शून्य काल का लाइव प्रसारण शुरू कराया। नीतीश ने कहा कि उनके निधन से राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्रों में अपूरणीय क्षति हुई है।
पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी का 89 साल की उम्र में निधन