कानपुर, कानपुर के बिकरू नरसंहार कांड में पुलिस की जांच लगातार जारी है। इस मामले में किसी निर्दोष को न तो फंसाया जाएगा और न ही दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा जाएगा। कानपुर पुलिस लाइन में उन्होंने कहा कि अभी तक 21 नामजद अभियुक्तों में से 11 फरार हैं। जिनकी गिरफ़्तारी के लिए टीमें दबिश दे रही हैं। प्रशांत कुमार ने कहा कि जांच के दौरान क्षण-क्षण विवेचना बदलती रहती है। जो भी तथ्य सामने आ रहे हैं, उसी के अनुरूप आगे की कार्रवाई की जा रही है। इस मामले में श्यामू बाजपेयी, जहान यादव, दयाशंकर अग्निहोत्री, शशिकांत समेत 9 अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। इस मामले में विकास दुबे समेत छह अभियुक्त पुलिस मुठभेड़ में मारे गए हैं। इसके अलावा मुंबई पुलिस ने भी गुड्डन त्रिवेदी और सोनू तिवारी को गिरफ्तार किया है। यूपी पुलिस दोनों को ट्रांजिट रिमांड पर लेकर यूपी ला रही है। विकास गैंग के फरार चल रहे 50 हजार के इनामी शशिकांत को गिरफ्तार किया। जिसकी निशानदेही पर विकास दुबे के घर से पुलिस की एके-47और 17 बुलेट्स को बरामद किया गया है। शशिकांत के घर से भी लूटी गई इंसास राइफल व जिन्दा कारतूस बरामद की गई है। एडीजी लॉ एंड आर्डर ने बताया कि घटना के बाद से ही लूटे गए सरकारी असलहों की बरामदगी के लिए एसएसपी कानपुर के नेतृत्व में टीम गठित की गई थी। वहीं, 50 हजार के इनामी शशिकांत की गिरफ़्तारी की गई। फिलहाल शशिकांत ने पूरी वारदात में कई अहम् खुलासे किए हैं साथ ही अपनी संलिप्तता भी स्वीकार की है।
न किसी को फंसाया जायेगा और न ही दोषियों को छोड़ा जायेगा