जयपुर, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने आज सचिन पायलट पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने पायलट पर सरकार गिराने की साजिश में शामिल होने का गंभीर आरोप लगाया। इसके साथ ही गहलोत ने सचिन पायलट को निकम्मा और नकारा बताया। गहलोत ने कहा एक छोटी खबर भी नहीं पढ़ी होगी किसी ने कि पायलट साहब को कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष के पद से हटाना चाहिए। हम जानते थे कि वो सचिन पायलट निकम्मा है, नकारा है, कुछ काम नहीं कर रहा है खाली लोगों को लड़वा रहा है।
कोर्ट में चल रही सुनवाई के बीच मीडिया के सामने आये मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सत्यमेव जयते के उद्बोधन के साथ हम होगे कामयाब गीत की लाइन बोली….उनका आशय यही था सत्य की हमेशा जीत होती है और झूठ हमेशा पराजित होता है। गहलोत ने कहा कि पिछले छह महीने से वो सरकार गिराने की साजिश में थे और इस साजिश को अंजाम तक पहुंचाने के लिए भारतीय जनता पार्टी उन्हें परदे के पीछे से ताकत दे रही थी। गहलोत ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने उन्हें 30-32 साल की उम्र में आते आते सांसद, विधायक, पार्टी प्रदेशाअध्यक्ष और सरकार में उपमुख्यमंत्री तक बनाया पर उनकी महत्वाकांक्षा ने पार्टी की पीठ में छुरा भोपने का काम किया है। उन्होने कहा कि 35-35 करोड रूपए का ऑफर विधायकों को दिया जा रहा है क्या मै नहीं जानता कि यह ऑफर किस ओर से आ रहा है कोर्ट में जो वकील उनकी पैरवी कर रहे है उनकी बडी फीस कहां से आ रही है। आज तो मुख्यमंत्री ने सचिन पायलट को गद्दार, नकारा, निकामा तक कह डाला….साथ ही कहा कि पार्टी ने सात साल के लंबे अंतराल तक उन्हें प्रदेश अध्यक्ष रखा यह कम बात नहीं है और मैने उन्हें प्रदेश अध्यक्ष की कुर्सी पर बने रहने के लिए कभी विरोध नहीं किया। उन्होने कहा कि मै चालीस साल की राजनीति में मुख्यमंत्री पद तक पहुंचा हुआ है पर उन्हें कम उम्र में यहां तक पहुंचने में कम टाइम लगा गहलोत ने आरोप लगाया कि जो खेल अभी हुआ है वो 10 मार्च को होना था 10 मार्च को मानेसर गाडी रवाना हुई थी लेकिन हमने तब मामले को सभी के सामने ओपन किया आज सचिन पायलट को बडे बडे कॉरपोरेट फंडिग कर रहे है जिसका खुलासा पिछले कई दिनों से 25-30-35 करोड में विधायकों की निष्ठा खरीदी जा रही है से होता है। गहलोत यही नहीं रूके यहां तक कहा कि पहले बीजेपी में शामिल हो रहे थे पायलट जब कांग्रेस विधायको ने बीजेपी में जाने से इनकार किया तो उन्हें थर्डफ्रंट बनाने के नाम पर अपने साथ ले गए।
अशोक गेहलोत ने सचिन पायलट को बताया नकारा और निकम्मा