भोपाल, प्रदेश में सरकार बदलने के बाद एक बार फिर प्रशासनिक फेरबदल की प्रक्रिया शुरू हो गई है। मुख्य सचिव गोपाल रेड्डी को हटाने के बाद अब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान अपने सचिवालय में पसंदीदा अफसरों की जमावट कर सकते हैं। ऐसे में सीएम सचिवालय से आईपीएस प्रज्ञा ऋचा श्रीवास्तव, फैज अहमद किदवई, बी चंद्रशेखर, टी इलैया राजा को बाहर किया जा सकता है। साथ ही मुख्यमंत्री सीएम सचिवालय में अपने ओएसडी को भी पदस्थ कर सकते हैं। इसके आदेश जल्द होंगे।
प्रशासूनिक सूत्रों के अनुसार राज्य सरकार जल्द ही इंदौर कलेक्टर लोकेश जाटव, ग्वालियर कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह को हटा सकती है। विदिशा कलेक्टर भी हटेंगे। इसके आदेश कभी भी जारी हो सकते हैं। मंत्रालय के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान फिलहाल ज्यादातर जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक समेत अन्य मैदानी अफसरों को बदलने के मूड में नहीं है। उन्होंने अफसरों की वीडियो कॉफ्रेंसिंग में इसके संकेत भी दे दिए हैं। शिवराज ने अफसरों ने कहा कि सरकार की पहली प्राथमिकता सिर्फ कोरोना वायरस से निपटना है। इसके लिए सरकार हर संभव मदद के लिए तैयार है। कोरोना से निपटने के लिए अधिकारी पूरी निष्ठा से काम करें।
ये अधिकारी जल्द हटेंगे
मुख्यमंत्री शिवराज ने सबसे पहले मुख्य सचिव गोपाल रेड्डी को हटाया था। उसके बाद उन्होंने राजगढ़ कलेक्टर निधि निवेदिता को हटाकर मंत्रालय पदस्थ कर दिया है। प्रशासनिक फेरबदल में सागर संभागायुक्त अजय गंगवार, भोपाल संभागायुक्त कल्पना श्रीवास्तव, चंबल संभागायुक्त रेणु तिवारी, इंदौर कलेक्टर लोकेश जाटव, ग्वालियर कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह, विदिशा कलेक्टर पंकज जैन , शिवपुरी कलेक्टर अनुग्रह पी, सागर कलेक्टर प्रीति मैथिल, रीवा कलेक्टर बसंत कुर्रै, मंडला जगदीश जटिया, छिंदवाड़ा श्रीनिवास शर्मा, बैतूल रवीन्द्र सिंह को बदला जा सकता है। कमलनाथ सरकार द्वारा पिछले हफ्ते हटाए गए ग्वालियर कलेक्टर अनुराग चौधरी, गुना कलेक्टर भास्करक लक्षकर को फिर से कलेक्टर बनाया जा सकता है। चौधरी फिर से ग्वालियर कलेक्टर हो सकते हैं। मंत्रालय सूत्रों ने बताया कि कोरोना संकट के चलते फिलहाल अफसरों के थोकबंद तबादले नहीं होंगे। इनमें से कुछ अफसरों को ही जल्द हटाया जा सकता है।
इलैया को मिलेगा बड़ा जिला
टी इलैया राजा को बड़े जिले का कलेक्टर बनाया जा सकता है। क्योंकि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान उनके काम से प्रभावित हैं। इलैया जब भिंड कलेक्टर थे, तब शिवराज ने बतौर मुख्यमंत्री उनके काम की प्रशंसा की थी। अटेर विधानसभा उपचुनाव के दौरान चुनाव आयोग ने इलैया को हटाकर बी किरण गोपाल को भिंड कलेक्टर बनाया था। आचार संहिता हटते ही शिवराज ने इलैया राजा को फिर से भिंड कलेक्टर बनाया था।
इंदौर, विदिशा और ग्वालियर के कलेक्टर हटाए जायेंगे, सीएम सचिवालय के अफसर भी बदले जायेंगे