इस बार लोकसभा में नहीं दिखेंगे खड़गे, मोइली, सिंधिया और हुड्डा

नई दिल्ली,देशभर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘प्रचंड लहर’ पर सवार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) लोकसभा चुनाव 2019 में ऐतिहासिक जीत दर्ज कर लगातार दूसरी बार केंद्र में सरकार बनाने जा रही है और इसने 300 के आंकड़े को पार किया है। भाजपा की इस ऐतिहासिक जीत के साथ 17 वीं लोकसभा सीट की तस्वीर बिल्कुल बदल गई है। कांग्रेस, सपा समेत कई विपक्ष के नेता इस बार लोकसभा में नजर नहीं आएंगे जबकि कई सांसद पहली बार लोकसभा में कदम रखेंगे।
1- लोकसभा में इस बार जेडीएस सांसद और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौडा नहीं दिखेंगे। वह कर्नाटक की तुमकुर सीट से चुनाव हार गए हैं। उन्हें बीजेपी उम्मीदवार जी बासवाराज ने 13339 से हराया है। वहीं 16 वीं लोकसभा में नेता विपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी नहीं दिखेंगे। कर्नाटक की गुलबर्गा सीट खड़गे चुनाव हार हैं। उन्हें बीजेपी उम्मीदवार यू जाधव ने 95452 वोटों से हराया है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एम.वीरप्पा मोइली भी चुनाव हार हैं। उन्हें भाजपा उम्मीदवार बी.एन.बाचे.गौड़ा ने चिकबल्लापुर सीट पर 1,82,110 मतों के अंतर से हराया है। गौड़ा को 7,45,912 जबकि मोइली को 5,63,802 वोट मिले। पूर्व केंद्रीय मंत्री मोइली राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस-जद(से) गठबंधन के संयुक्त उम्मीदवार थे।
2- कांग्रेस के दो युवा चेहरे भी संसद में नहीं दिखेंगे। हरियाणा में कांग्रेस को रोहतक सीट पर झटका लगा है यहां से दीपेंद्र सिंह हुड्डा को हार सामना करना पड़ा है। दीपेंद्र पिछली बार रोहतक से जीत दर्ज कर संसद पहुचे थे, लेकिन वह इस बार अपने प्रदर्शन को दोहरा नहीं पाए और भाजपा के अरविंद शर्मा से 7,503 वोटों के अंतर से हार गए। कांग्रेस के पूर्व सांसद शर्मा हाल ही में भाजपा में शामिल हुए थे। गुना लोकसभा सीट से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं 4 बार लगातार सांसद रहे ज्योतिरादित्य सिंधिया को पहली बार लोकसभा चुनाव लड़ रहे भाजपा के कृष्ण पाल यादव ने 1,25,549 मतों के अंतर से हरा कर उनसे यह सीट छीन ली है।
3- मोदी की प्रचंड लहर में पांच मिनिस्टर अपनी सीटें नहीं बचा सके। इसलिए मोदी के कई मंत्री इस बार लोकसभा में नजर नहीं आएंगे। इसमें सबसे पहले रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा का नाम आता है जो गाजीपुर सीट से चुनाव हार गए हैं। उन्हें गठबंधन प्रत्याशी बसपा के अफजाल अंसारी ने 119392 मतों से पराजित किया। वहीं मोदी सरकार में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री हंसराज गंगा राम अहिर की हार हुई है. इन्हें कांग्रेस के सुरेश नारायण धनोरकर ने चंद्रापुर सीट से हराया है।
4-वहीं तमिलनाडु की कन्याकुमारी सीट पर वित्त राज्य मंत्री पॉन राधाकृष्णन को कांग्रेस नेता एच वसंत कुमार ने हराया है। केंद्रीय मंत्री केजे अल्फोंस भी मोदी लहर में अपनी सीट नहीं बचा पाए. केरल में कांग्रेस नेता हिबी हिडेन केजे अल्फोन्स को हराया है। अमृतसर सीट से को कांग्रेस के गुरजीत सिंह आहुजा ने हराया है।
5- केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद वीं लोकसभा में नजर आएंगे। अब तक वह राज्यसभा से संसद जाते रहे थे। उन्होंने बिहार की पटना साहिब लोकसभा सीट पर मौजूदा सांसद एवं कांग्रेस उम्मीदवार शत्रुघ्न सिन्हा को 2.84 लाख वोटों से हराया है। राज्यसभा सदस्य प्रसाद को इस सीट पर पड़े कुल वोटों में से 61.85 फीसदी वोट मिले। भाजपा द्वारा टिकट नहीं दिए जाने के बाद सिन्हा करीब एक महीने पहले कांग्रेस में शामिल हो गए थे। वह 2009 और 2014 के लोकसभा चुनावों में पटना साहिब सीट से एक लाख से ज्यादा वोटों से जीते थे।
6- अमेठी सीट से बीजेपी प्रत्याशी केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी लोकसभा में दिखेंगी। वह बीजेपी की सीट से राज्यसभा सदस्य थीं। स्मृति ईरानी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को 55120 मतों से शिकस्त दी। स्मृति की यह जीत इसलिए भी उल्लेखनीय है क्योंकि अमेठी कई पीढ़ियों से नेहरू गांधी परिवार का गढ़ रहा है। हालांकि राहुल गांधी अमेठी सीट से चुनाव हार गए हैं लेकिन वायनाड से चुनाव जीत गए हैं। इस बार लोकसभा में तेजस्वी सूर्या नजर आएंगे वह बीजेपी के सबसे युवा सांसद हैं। वह बेंगलुरु दक्षिण लोकसभा सीट से चुनाव जीते हैं। उन्होंने कांग्रेस के बीके प्रसाद को हराया है। गोरखपुर सीट से भाजपा उम्मीदवार भोजपुरी अभिनेता रवि किशन ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी सपा-बसपा गठबंधन के राम भुआल निषाद को 3 लाख एक हजार 664 मतों से हराया।
7- 17 वीं लोकसभा में यूपी के यादव परिवार का एक सदस्य अखिलेश यादव लोकसभा में नजर आएंगे लेकिन उनके परिवार के तीन अन्य सदस्य चुनाव हार गए हैं। बदायूं लोकसभा सीट से धर्मेन्द्र यादव को बीजेपी उम्मीदवार संघमित्रा मौर्या ने 166347सीट से चुनाव हरा दिया है। फिरोजाबाद सीट से अक्षय यादव को बीजेपी उम्मीदवार डॉक्टर चंद्रा सेन जादौन ने 114059 वोटों से हरा दिया है। वहीं कन्नौज सीट से भाजपा प्रत्याशी सुब्रत पाठक ने अपनी निकटतम प्रतिद्वंदी गठबंधन उम्मीदवार सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव को 12353 वोटों से हराया।
8- 17 वीं लोकसभा में संसद में इस बार पति-पत्नी नजर नहीं आएंगे। बिहार की मधेपुर सीट से निर्दलीय उम्मीदवार पप्पू यादव चुनाव हार गए हैं। वहीं कांग्रेस की टिकट पर बिहार के सुपौल से उम्मीदवार पप्पू यादव की पत्नी रंजीत रंजन भी चुनाव हार गई हैं। रंजीत रंजन को जदयू के दिलेश्वर कमैत ने 2.66 लाख मतों से हराया।
9- एनडीए से नाता तोड़ने से पहले मोदी मंत्रिपरिषद के सदस्य रहे रालोसपा प्रमुख उपेंद्र कुशवाहा काराकाट सीट पर अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी एवं जदयू उम्मीदवार महाबलि सिंह से ८४५४२ मतों के अंतर से हार गए। वहीं भागलपुर सीट पर जदयू उम्मीदवार अजय मंडल ने इस सीट से सांसद रहे राजद उम्मीदवार शैलेश कुमार उर्फ बुलो मंडल को 2.66 लाख वोटों से हराया है। पांच साल पहले बुलो मंडल ने बीजेपी नेता शाहनवाज हुसैन को भागलपुर सीट पर मात दी थी।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *