नई दिल्ली/श्रीनगर,पुलवामा हमले के बाद भारतीय वायु सेना एक्शन मोड में आ गई है। इंडियन एयरफोर्स ने मंगलवार तड़के 3.45 बजे पीओके में बड़ी कार्रवाई करते हुए आतंकी कैंपों को तबाह कर दिया है। एयरफोर्स ने पीओके में घुसकर आतंकी ठिकानों को निशाना बनाकर भारी बमबारी की। जब वायु सेना की ओर से पीओके में यह कार्रवाई की जा रही थी, उसी समय नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी ने भी कश्मीर में बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलवामा हमले के बाद एनआईए ने शीर्ष अलगाववादी नेताओं पर कार्रवाई करते हुए उनके ठिकानों पर छापेमारी की। एनआईए ने श्रीनगर में अलगाववादियों के अलग-अलग कुल आठ ठिकानों पर छापेमारी की। जिन अलगाववादियों के ठिकाने पर छापेमारी की गई है उनमें मीरवाइज उमर फारूख, यासिन मलिक, शबीर शाह, नईम खान और मोहम्मद अशरफ सेहराई सहित अन्य भी शामिल हैं। एनआईए ने इनके घरों के अलावा जगहों पर भी छापेमारी की। घाटी में एहतियात के तौर पर 3जी/4जी मोबाइल इंटरनेट सर्विस को बंद कर दिया गया है। कई इलाकों में दुकानें और प्रतिष्ठान भी बंद कर दिए गए हैं।
इससे पहले भारतीय वायु सेना की ओर से मंगलवार तड़के पीओके में की गई कार्रवाई में 200 से 300 आतंकियों के मारे जाने की खबर है। भारतीय वायुसेना की ओर से की गई कार्रवाई पर भारतीय विदेश सचिव विजय गोखले ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि 14 फरवरी को पुलवामा में पाक समर्थित जैश के आतंकियों ने हमला किया। इसे बहावलपुर में बैठे जैश सरगना मसूद अजहर और उसके सरपरस्तों की ओर से अंजाम दिलवाया गया। पीओके में सैंकड़ों जिहादी कैंप चल रहे हैं। पाकिस्तान उन पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। उन्होंने बताया भारत के पास पुख्ता इंटेलिजेंस इनपुट था कि जैश के आतंकी भारत के अन्य इलाकों में भी फिदायीन हमला कर सकते हैं। इसके बाद भारत ने पीओके स्थित आतंकी कैंपों पर बड़ी कार्रवाई की। इस कार्रवाई में बालाकोट में जैश के सीनियर कमांडर सहित कई आतंकी मारे गए। इस हमले में जैश के सबसे बड़े कैंप को तबाह किया गया। इसमें किसी भी आम नागरिक को नुकसान नहीं पहुंचा और इस बात का ख्याल रखा गया था। उन्होंने बताया कि घने जंगलों में यह आतंकी कैंप मौजूद थे।
एनआईए ने टेरर फंडिंग मामले में की बड़ी कार्रवाई, कई जगहों पर छापा