भोपाल, मध्य प्रदेश में किसान आंदोलन से उठी सबसे बड़ी मांग कर्ज माफ़ी के लिए शिवराज सरकार तैयार नहीं है। सरकार पहले भी काई बार यह साफ़ कर चुकी है कि किसानों का कर्ज माफ़ नहीं किया जाएगा। अब कर्ज माफ़ी को लेकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का बड़ा बयान सामने आया है। शिवराज ने कहा है कि कर्ज माफ़ी हल नहीं है।
सोमवार को राजधानी भोपाल में राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति की बैठक में शामिल होने पहुंचे मुख्यमंत्री ने यह साफ़ किया कि कर्ज माफ़ी नहीं की जायेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्ज माफ़ी किसानों के हित में नहीं है और न ही बैंकों के हितों में हैं। इसलिए इस परंपरा को रोकना होगा। किसानों को कर्जमाफी नहीं बल्कि अपनी फसल का उचित मूल्य चाहिए। बैंकर्स समिति की बैठक में मुख्यमंत्री ने बैंकर्स पर नाराज़गी भी जताई। लोन देने में बैंक के रवैए से मुख्यमंत्री नाराज थे। जिसके चलते उन्होंने कहा कि बैंक लोन प्रकरण में उदार रवैया दिखाएँ। मुख्यमंत्री स्वरोज़गार योजना में बैंकों की कार्यप्रणाली संतोषजनक नहीं है। इसकी शिकायतें सीएम तक पहुँच रही हैं। बैठक में खासतौर से किसानों की आय दोगुनी करने और किसानों को अधिकतम ऋण दिए जाने को लेकर मुख्यमंत्री ने बैंकों को निर्देश दिए हैं।
‘किसानों के हित में नहीं कर्ज माफ़ी’ – शिवराज