भोपाल,प्रदेश में किसानों द्वारा लगातार की जा रही आत्महत्याओं का सिलसिला बदस्तूर जारी है। बीते तीन माह में अब तक लगभग 100 से अधिक किसानों द्वारा कहीं कर्ज बोझ, कहीं फसल, कहीं प्याज, तो कहीं फसल (गेहू) का उचित मूल्य ना मिलने के कारण आत्महत्यायें की गई है। बीते दो दिनों के भीतर विदिशा, सीहोर और सतना जिले में किसानों द्वारा आत्महत्या का मामला प्रकाश में आया है।
प्रदेश कांग्रेस के संगठन प्रभारी महामंत्री चंद्रिका प्रसाद द्विवेदी ने बताया है कि उक्त जिलों में किसानों द्वारा की गई आत्महत्याओं की जांच हेतु प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरूण यादव के निर्देश पर पार्टी ने जांच समितियां गठित की है। विदिशा जिले के ग्राम पठारी में बुजुर्ग किसान निर्भयसिंह कुर्मी ने फासी लगाकर आत्महत्या कर ली, घटना की जांच हेतु प्रदेश कांग्रेस महामंत्री जगदीश यादव, विधायक निशंक जैन, पूर्व विधायक श्रीमती पानबाई पंथी तथा सचिव विकास शर्मा को जिम्मेदारी सौंपी गई है। सीहोर जिले की श्यामपुर तहसील के ग्राम खंडवा में किसान मूलचंद ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली, वस्तुस्थिति की जांच हेतु विधायक शैलेन्द्र पटेल, सचिव राहुल यादव, कांग्रेस नेता बशीर बेग एवं कमलेश कटारे को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं सतना जिले के ग्राम मझगंवा के किसान मनोज व्यास ने फसल की बिक्री का भुगतान न होने के कारण फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली, पूर्व मंत्री राजमणि पटेल तथा प्रदेश कांग्रेस महामंत्री डॉ. महेन्द्रसिंह चौहान को जांच समिति में शामिल कर घटना की जांच हेतु जबावदारी सौंपी गई है।
द्विवेदी ने समिति के सभी सदस्यों से आग्रह किया है कि वे शीघ्र ही घटनास्थल पर पहुंचकर मृतक किसान परिवारों से भेंट कर उन्हें सांत्वना दें। किसानों द्वारा की गई आत्महत्याओं की वस्तुस्थिति की विस्तृत जांच कर प्रतिवेदन शीघ्र ही प्रदेश कांग्रेस कमेटी को प्रस्तुत करें।
विदिशा, सीहोर और सतना में किसानों ने की आत्महत्या, कांग्रेस ने बनायी जांच समिति