मेरे बच्चे जो बनना चाहेंगे, उनका साथ दूंगा: शाहरुख

मुंबई, मशहूर अभिनेता शाहरुख खान का कहना है कि नेपोटिज्म उनकी समझ से परे है। उन्होंने कहा, “मुझे यह कॉन्सेप्ट बिल्कुल समझ नहीं आता और यह भी कि इस पर इतना विवाद क्यों हो रहा है। मेरे भी बच्चे हैं, वे जो बनना चाहते हैं, बनेंगे और जाहिर है कि मैं इसमें उनके साथ हूं और रहूंगा।” बता दें कि, शाहरुख खान के तीन बच्चे (आर्यन, सुहाना और अबराम) हैं। बेटे आर्यन फिलहाल पढ़ाई में बिजी हैं, जबकि बेटी सुहाना की दिलचस्पी फिल्मों में है। शाहरुख कई मौकों पर बता चुके हैं कि उनकी बेटी सुहाना पढ़ाई पूरी करने के बाद फिल्मों में किस्मत आजमाएंगी। टीवी शो ‘कॉफी विद करण’ में कंगना रनौत के नेपोटिज्म वाले बयान से शुरू हुए विवाद के तूल पकड़ने का जिक्र करने पर शाहरुख ने कहा, “सच बताऊं।। मुझे यह शब्द समझ नहीं आता और यह भी कि इस पर बेवजह का बवाल क्यों मचा है? मैं दिल्ली का लौंडा हूं। यहां से मुंबई गया, लोगों का प्यार मिला और कुछ बना। मैं चाहता हूं कि मेरे बच्चे भी खुद अपने बूते पर नाम कमाएं। वह अभिनेता बनना चाहेंगे, तो उन्हें पूरी छूट है। मैं इस कॉन्सेप्ट को ही समझना नहीं चाहता हूं।” मामूल हो कि, शाहरुख खान इन दिनों फिल्म ‘जब हैरी मेट सेजल’ के प्रमोशन में जुटे हुए है। इम्तियाज अली के डायरेक्शन में बनी इस फिल्म में शाहरुख खान की जोड़ी अनुष्का शर्मा के साथ जमेगी।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *